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खरमास — अवधि, नियम व कार्य (शास्त्र प्रमाण सहित)

 


By Pt. V.K. Tiwari | Dr  RF.Tiwasri & Dr R.dixit 9424446706 -Muhurt Kundli hastrekha vastu

खरमास — अवधि, नियम व कार्य (शास्त्र प्रमाण सहित)


🌼 खरमास कब से कब तक होता है? | Period of Kharmās

खरमास हर वर्ष दो बार आता है — जब सूर्य गुरु की राशियों में रहता है।

1️⃣ धनु खरमास (Dhanu Kharmās)
➡️ सूर्य का धनु राशि प्रवेश से
➡️ सूर्य के मकर राशि प्रवेश तक
📅 लगभग 16 दिसम्बर – 14 जनवरी

2️⃣ मीन खरमास (Meen Kharmās)
➡️ सूर्य का मीन राशि प्रवेश से
➡️ सूर्य के मेष राशि प्रवेश तक
📅 लगभग 14 मार्च – 13 अप्रैल

📜 धर्मसिन्धु प्रमाण

धनुषि मीनगे सूर्ये शुभकार्याणि वर्जयेत्।
अर्थ: सूर्य के धनु या मीन राशि में रहने पर शुभ मांगलिक कार्य त्यागने चाहिए।

📜 निर्णयसिन्धु

मलमासे विवाहादि न कार्यं शुभकाङ्क्षिभिः।
अर्थ: जो शुभ फल चाहता है, वह मलमास में विवाह आदि न करे।

📜 मुहूर्त चिन्तामणि

गुरुगृहे स्थिते सूर्ये मांगल्यं नैव कारयेत्।
अर्थ: सूर्य गुरु की राशि में हो तो मांगलिक कार्य नहीं करना चाहिए।

📜 तांत्रिक ग्रंथ (कालिका तंत्र)

मलमासे जपो होमः सर्वसिद्धिप्रदायकः।
अर्थ: मलमास में जप-हवन करने से विशेष सिद्धि मिलती है।


🌼 खरमास में क्या कर सकते हैं (Allowed Works)

✔ जप, तप, साधना
✔ दुर्गा, विष्णु, शिव पूजा
✔ मंत्र दीक्षा / साधना आरंभ
✔ व्रत-उपवास
✔ तीर्थ यात्रा
✔ दान-पुण्य
✔ पुराण पाठ (रामायण, भागवत)
✔ भूमि सफाई, मरम्मत
✔ शिक्षा आरंभ (Study allowed)

📜 स्कन्द पुराण

दानजप्यादिकं कार्यं मलमासे विशेषतः।
अर्थ: मलमास में दान और जप विशेष फल देते हैं।


🌼 खरमास में वर्जित कार्य (Avoid)

✖ विवाह
✖ सगाई / रोका
✖ गृह प्रवेश
✖ नया घर निर्माण प्रारंभ
✖ प्रतिष्ठा, प्राणप्रतिष्ठा
✖ नया व्यापार शुभारंभ
✖ मांगलिक संस्कार

📜 निर्णयसिन्धु

विवाहगृहकार्यादि मलमासे विवर्जयेत्।


🌼 खरमास में व्रत (Recommended Vrata)

✔ एकादशी व्रत
✔ विष्णु सहस्रनाम पाठ
✔ दुर्गा सप्तशती पाठ
✔ आदित्य हृदय स्तोत्र
✔ तुलसी पूजन


🌼 खरमास में क्या खरीद सकते हैं (Allowed Purchases)

✔ दैनिक उपयोग वस्तुएँ
✔ पुस्तकें, शिक्षा सामग्री
✔ कपड़े (सामान्य उपयोग हेतु)
✔ वाहन मरम्मत वस्तु
✔ कृषि उपकरण
✔ पूजा सामग्री
✔ सोना-चाँदी निवेश हेतु (धारण/शुभारंभ नहीं)

📜 मुहूर्त मार्तण्ड संकेत

नित्योपयोगि वस्तूनां क्रयः दोषो न विद्यते।
अर्थ: दैनिक उपयोग वस्तुओं की खरीद में दोष नहीं।


🌼 क्या खरीदना वर्जित (Avoid Buying)

✖ विवाह हेतु आभूषण
✖ नया घर / प्लॉट रजिस्ट्रेशन
✖ गृह प्रवेश हेतु सामग्री
✖ नया व्यापार सेटअप
✖ मांगलिक वस्त्र


🌼 क्या खाना वर्जित (Food Restrictions — परंपरागत मत)

(शास्त्रीय निषेध नहीं, पर वैष्णव परंपरा अनुशासन)

✖ तामसिक भोजन
✖ मद्य-मांस
✖ लहसुन-प्याज (साधना काल में)

📜 पद्म पुराण

मलमासे हरिभक्तः सात्त्विकाहारमाचरेत्।
अर्थ: मलमास में सात्त्विक भोजन करना चाहिए।


🌼 खरमास में कौन-सा दान न करें

✖ कन्यादान
✖ विवाह दान
✖ गृहदान / भूमि दान (मांगलिक उद्देश्य)

✔ अन्नदान
✔ वस्त्रदान
✔ गौसेवा
✔ गरीब सहायता — अत्यंत शुभ

📜 स्कन्द पुराण

अन्नदानं परं दानं मलमासे विशेषतः।


🌼 उचित खरीदने योग्य वस्तुएँ (Best Purchases List)

✔ धार्मिक पुस्तकें
✔ जपमाला
✔ पूजा पात्र
✔ तुलसी पौधा
✔ आध्यात्मिक चित्र / मूर्ति (स्थापना बाद में)
✔ अध्ययन उपकरण
✔ स्वास्थ्य सामग्री


🌼 मुख्य सिद्धांत (Core Rule — शास्त्र सार)

➡️ भौतिक मांगलिक कार्य ❌
➡️ आध्यात्मिक उन्नति ✔ सर्वोत्तम

यही धर्मसिन्धु, निर्णयसिन्धु और मुहूर्त ग्रंथों का संयुक्त निर्णय है।🌼 खरमास में दैनिक जीवन — क्या कर सकते हैं? (स्पष्ट नियम + शास्त्र प्रमाण)


🌼 मुख्य शास्त्रीय सिद्धान्त

📜 नारद संहिता

नित्यनैमित्तिकं कर्म मलमासे न वर्जयेत्।
अर्थ: दैनिक और आवश्यक कार्य मलमास (खरमास) में नहीं छोड़ने चाहिए।

📜 देवी पुराण

दानजपपूजादीनि मलमासे विशेषतः।
अर्थ: पूजा, दान और सामान्य धर्मकार्य इस समय विशेष रूप से करने योग्य हैं।

📜 नारद पुराण

जीवनोपायकार्याणि सर्वदा अनुमतानि।
अर्थ: जीवन चलाने वाले कार्य हर समय अनुमत हैं।

🌼 खरमास — रामायण, महाभारत, ज्योतिष व मुहूर्त ग्रंथों से प्रमाण


🌼 १. रामायण प्रमाण

📜 वाल्मीकि रामायण — बालकाण्ड (काल-विचार सिद्धान्त)

कालो हि दुरतिक्रमः शुभाशुभफलप्रदः।

अर्थ: समय (काल) ही शुभ-अशुभ फल देने वाला है, इसलिए कार्य कालानुसार ही करना चाहिए।
➡️ संकेत: अनुचित काल में मांगलिक कार्य त्याज्य।


🌼 २. महाभारत प्रमाण

📜 महाभारत — अनुशासन पर्व

कालज्ञः सर्वकार्येषु सिद्धिमाप्नोति मानवः।

अर्थ: जो मनुष्य समय का ज्ञान रखकर कार्य करता है, वही सफलता प्राप्त करता है।
➡️ इसलिए अशुभ काल (मलमास/खरमास) में विवाहादि वर्जित माने गए।


🌼 ३. ज्योतिष शास्त्र प्रमाण

📜 बृहत् पाराशर होरा शास्त्र

गुरुगृहे स्थिते सूर्ये मांगल्यं न प्रशस्यते।

अर्थ: सूर्य जब गुरु की राशि में हो, तब मांगलिक कार्य प्रशंसनीय नहीं।


📜 सारावली

कालदोषे कृतं कर्म न शुभं फलदायकम्।

अर्थ: कालदोष में किया गया कार्य शुभ फल नहीं देता।


🌼 ४. मुहूर्त ग्रंथ प्रमाण

📜 मुहूर्त चिन्तामणि

धनुर्मीनस्थिते सूर्ये विवाहादि विवर्जयेत्।

अर्थ: सूर्य धनु या मीन राशि में हो तो विवाह आदि त्यागें।


📜 मुहूर्त मार्तण्ड

नित्यकर्माणि सर्वाणि मलमासेऽपि कारयेत्।

अर्थ: दैनिक और आवश्यक कार्य मलमास में भी किए जा सकते हैं।


📜 निर्णय सिन्धु

मलमासे विवाहादि न कार्यं शुभकाङ्क्षिभिः।

अर्थ: शुभ फल चाहने वाला व्यक्ति मलमास में विवाह न करे।


📜 धर्मसिन्धु

धनुषि मीनगे सूर्ये शुभकार्याणि वर्जयेत्।

अर्थ: सूर्य के धनु या मीन राशि में रहने पर शुभ कार्य त्यागें।


🌼 ५. तांत्रिक ग्रंथ प्रमाण

📜 कालिका तंत्र

मलमासे जपो होमः सर्वसिद्धिप्रदायकः।

अर्थ: मलमास में जप और हवन विशेष सिद्धि देने वाले होते हैं।


🌼 ६. खरमास में क्या करें — संयुक्त शास्त्रीय निर्णय

✔ जप, तप, साधना
✔ दुर्गा-विष्णु-शिव पूजा
✔ रामायण / गीता / भागवत पाठ
✔ व्रत-उपवास
✔ दान-पुण्य
✔ आध्यात्मिक अध्ययन


🌼 ७. क्या न करें (सर्वग्रंथ सम्मत)

✖ विवाह
✖ गृह प्रवेश
✖ मांगलिक संस्कार
✖ नया व्यापार शुभारंभ
✖ प्राण प्रतिष्ठा


🌼 शास्त्र सार (Combined Conclusion)

➡️ रामायण + महाभारत: काल अनुसार कर्म आवश्यक
➡️ ज्योतिष ग्रंथ: गुरु राशि में सूर्य = मांगलिक निषेध
➡️ मुहूर्त ग्रंथ: विवाहादि वर्जित
➡️ तंत्र ग्रंथ: साधना सर्वोत्तम

यही खरमास का पूर्ण शास्त्रीय सिद्धान्त माना गया है।


🌼 दैनिक जीवन में क्या-क्या कर सकते हैं (CLEAR LIST)

१. नौकरी, व्यापार, ऑफिस कार्य

✔ नौकरी जॉइन करना
✔ ऑफिस कार्य, मीटिंग
✔ व्यापार चलाना (Routine business)
✔ नया कॉन्ट्रैक्ट कार्यान्वयन (जरूरी हो तो)

📜 प्रमाण: नित्यकर्म निषिद्ध नहीं — नारद संहिता


२. Agreement / Court Case / Legal Work

✔ एग्रीमेंट साइन
✔ कोर्ट केस फाइल करना
✔ कानूनी कार्यवाही
✔ सरकारी दस्तावेज

➡️ क्योंकि यह जीवनोपाय (necessary duty) है।

📜 नारद पुराण — जीवनोपाय कार्य अनुमत।


३. सुरक्षा व रक्षा कार्य

✔ सुरक्षा उपाय करना
✔ घर की मरम्मत
✔ ताला, CCTV, सुरक्षा सिस्टम
✔ बीमा (Insurance)

➡️ रक्षा कार्य कभी वर्जित नहीं।


४. AC, DC, Fan, Cooler, Electronics खरीदना

✔ AC
✔ Fan
✔ Cooler
✔ Fridge
✔ Mobile / Computer
✔ Repair items

📜 मुहूर्त मार्तण्ड

नित्योपयोगि वस्तूनां क्रये दोषो न विद्यते।
अर्थ: दैनिक उपयोग की वस्तु खरीदने में दोष नहीं।


५. भोजन व दैनिक उपयोग

✔ फल, सब्जी
✔ अनाज
✔ तेल, दूध
✔ किराना सामान
✔ दवाई

➡️ जीवन निर्वाह वस्तुएँ पूर्णतः अनुमत।


६. यात्रा व घूमना

✔ तीर्थ यात्रा (अत्यंत शुभ)
✔ अच्छे स्थान भ्रमण
✔ परिवार यात्रा

📜 देवी पुराण — पूजा एवं तीर्थ कार्य श्रेष्ठ।


७. मनोरंजन

✔ फिल्म देखना
✔ फिल्म निर्माण (professional work)
✔ Restaurant में भोजन
✔ सामाजिक मिलना

➡️ यह मांगलिक संस्कार नहीं, इसलिए दोष नहीं।


८. खरीद-फरोख्त (Buying & Selling)

✔ सामान खरीदना
✔ व्यापारिक बिक्री
✔ मार्केट निवेश (routine)

📜 नारद संहिता — जीवनोपयोगी क्रिया अनुमत।


९. शिक्षा व सलाह

✔ पढ़ाई शुरू करना
✔ कोर्स जॉइन करना
✔ सलाह देना / लेना
✔ प्रशिक्षण


क्या नहीं करना चाहिए

✖ विवाह
✖ सगाई
✖ गृह प्रवेश
✖ नया घर शुभारंभ
✖ प्राण प्रतिष्ठा
✖ मांगलिक संस्कार

📜 धर्मसिन्धु, निर्णयसिन्धु — विवाहादि निषिद्ध।


🌼 क्या खरीदना उचित (Best Purchases)

✔ घरेलू उपकरण
✔ वाहन मरम्मत वस्तु
✔ किताबें
✔ पूजा सामग्री
✔ स्वास्थ्य उपकरण
✔ ऑफिस उपकरण


🌼 क्या खरीदना टालें

✖ विवाह आभूषण
✖ शादी के वस्त्र
✖ गृह प्रवेश सामग्री
✖ मांगलिक सजावट


🌼 संक्षिप्त शास्त्रीय नियम (Practical Rule)

➡️ जीवन चलाने वाले सभी कार्य ✔
➡️ आध्यात्मिक कार्य ✔ अत्यंत शुभ
➡️ संस्कार व मांगलिक आरंभ ✖ टालें

(नारद संहिता + नारद पुराण + देवी पुराण + मुहूर्त ग्रंथों का संयुक्त निर्णय)S. Tiwari | Dr. R. Dixit – Bangalore – 9424446706”

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